इन 11 शेयरों के लिए खतरे की घंटी, 200 DMA से नीचे गिरे; आपने तो नहीं खरीद लिया इनमें से कोई?

*”शेयर बाजार में हालिया गिरावट के बीच 11 प्रमुख कंपनियों के शेयर 200 DMA से नीचे फिसले हैं, जो लंबी अवधि के कमजोर ट्रेंड का संकेत देते हैं। इनमें Reliance Industries, Wipro और Adani Enterprises जैसे नाम शामिल हैं, जहां निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है।”

शेयर बाजार में 200 डे मूविंग एवरेज (DMA) एक महत्वपूर्ण इंडिकेटर है, जो स्टॉक के लॉन्ग-टर्म ट्रेंड को दर्शाता है। जब कोई शेयर इससे नीचे ट्रेड करता है, तो यह बेयरिश सिग्नल माना जाता है। हालिया मार्केट सेंटीमेंट में कमजोरी के कारण कई बड़े नाम इस स्तर से नीचे आ गए हैं। इनमें से कुछ में क्वार्टरली रिजल्ट्स की निराशा, जबकि दूसरों में सेक्टरल प्रेशर दिख रहा है।

नीचे दी गई टेबल में इन 11 शेयरों की डिटेल्स हैं, जिसमें करंट प्राइस, 200 DMA, प्रतिशत गिरावट और संभावित रिस्क फैक्टर्स शामिल हैं:

शेयर का नामकरंट प्राइस (₹)200 DMA (₹)प्रतिशत गिरावट (%)संभावित रिस्क
Reliance Industries1,4061,432-1.8म्यूटेड Q3 रिजल्ट्स और रिटेल सेगमेंट में कमजोरी
L&T Technology Services4,8504,920-1.4टेक सेक्टर में ग्लोबल स्लोडाउन का असर
Endurance Technologies2,5202,566-1.8ऑटो कंपोनेंट डिमांड में कमी
Honasa Consumer (Mamaearth)283281-0.8कंज्यूमर गुड्स में कॉम्पिटिशन बढ़ना
Minda Corporation420435-3.4सप्लाई चेन इश्यूज
Wipro246255-3.5आईटी सर्विसेज में क्लाइंट स्पेंडिंग कट
Adani Enterprises2,2812,350-2.9इंफ्रा प्रोजेक्ट्स में डिले
Avenue Supermarts (DMart)3,6433,700-1.5रिटेल मार्जिन प्रेशर
Power Grid Corporation271280-3.2यूटिलिटी सेक्टर में रेगुलेटरी चेंजेस
HDFC Bank931950-2.0बैंकिंग सेक्टर में NPA राइज
Tata Consultancy Services (TCS)3,2073,250-1.3ग्लोबल आईटी स्पेंडिंग में स्लोडाउन

ये शेयर Nifty 500 और BSE 500 इंडेक्स से चुने गए हैं, जहां हालिया ट्रेडिंग सेशन्स में नेगेटिव ब्रेकआउट देखा गया। उदाहरण के लिए, Reliance Industries के शेयर Q3FY26 रिजल्ट्स के बाद 3.6% गिरे, जो 9 महीनों में पहली बार 200 DMA से नीचे आए। इसी तरह, Wipro और TCS जैसे आईटी स्टॉक्स ग्लोबल इकोनॉमिक अनसर्टेंटी से प्रभावित हैं, जहां क्लाइंट बजट कट्स ने प्रॉफिट ग्रोथ को प्रभावित किया।

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इन शेयरों में निवेशकों को शॉर्ट-टर्म रिकवरी की उम्मीद कम है, क्योंकि मार्केट ओवरऑल 50 DMA से नीचे ट्रेड कर रहा है। एक्सपर्ट्स सुझाव देते हैं कि ऐसे स्टॉक्स में एंट्री से पहले सपोर्ट लेवल्स चेक करें, जैसे RIL के लिए ₹1,350 का स्तर। अगर ये शेयर 200 DMA से ऊपर ब्रेक करते हैं, तो रिवर्सल सिग्नल मिल सकता है, लेकिन फिलहाल बेयरिश बायस मजबूत है।

Adani Enterprises जैसे स्टॉक्स में इंफ्रा सेक्टर की चुनौतियां, जैसे प्रोजेक्ट डिले और फंडिंग इश्यूज, अतिरिक्त रिस्क जोड़ रही हैं। वहीं, बैंकिंग सेक्टर में HDFC Bank NPA बढ़ोतरी से जूझ रहा है, जो ओवरऑल सेंटीमेंट को प्रभावित कर रहा है।

Disclaimer: यह रिपोर्ट निवेश सलाह नहीं है। बाजार में उतार-चढ़ाव सामान्य हैं, और निर्णय लेने से पहले प्रोफेशनल एडवाइजर से संपर्क करें। सभी डेटा पब्लिक सोर्सेज से लिए गए हैं।

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