“टीवीएस आईक्यूब इलेक्ट्रिक स्कूटर ने 8 लाख यूनिट्स की कुल बिक्री पार की है, जिसमें पिछले 3 महीनों में 1 लाख से अधिक यूनिट्स बिकीं। यह सफलता किफायती कीमत, लंबी रेंज और मजबूत फीचर्स से आई है, जिसने बाजार में टीवीएस को लीडर बनाया। अन्य ब्रांड्स से तुलना में यह स्कूटर लागत-प्रभावी और पर्यावरण-अनुकूल विकल्प साबित हुआ है।”
टीवीएस आईक्यूब ने भारतीय इलेक्ट्रिक स्कूटर बाजार में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। इस मॉडल की कुल बिक्री अब 8 लाख यूनिट्स को पार कर चुकी है, जो दर्शाता है कि देशभर के ग्राहक इसके पीछे किस कदर पड़े हैं। विशेष रूप से, पिछले तीन महीनों में ही 1 लाख से अधिक यूनिट्स की बिक्री दर्ज की गई, जो किसी भी इलेक्ट्रिक स्कूटर के लिए रिकॉर्ड स्तर की उपलब्धि है। यह आंकड़े वाहन रजिस्ट्रेशन डेटा पर आधारित हैं, जो बाजार में टीवीएस की मजबूत पकड़ को रेखांकित करते हैं।
टीवीएस आईक्यूब की लोकप्रियता के पीछे कई कारक हैं। सबसे पहले, इसकी किफायती कीमत रेंज, जो 1.2 लाख रुपये से शुरू होती है, आम भारतीय परिवारों के लिए सुलभ बनाती है। साथ ही, इसकी बैटरी रेंज 100 किलोमीटर से अधिक है, जो शहरों में दैनिक कम्यूटिंग के लिए आदर्श है। फास्ट चार्जिंग ऑप्शन के साथ, यह मात्र 2-3 घंटों में 80 प्रतिशत तक चार्ज हो जाता है, जो व्यस्त जीवनशैली वाले यूजर्स के लिए सुविधाजनक है। स्कूटर में स्मार्ट कनेक्टिविटी फीचर्स जैसे ब्लूटूथ इंटीग्रेशन, नेविगेशन और राइड ट्रैकिंग शामिल हैं, जो इसे युवा ग्राहकों के बीच पसंदीदा बनाते हैं।
बाजार विश्लेषण से पता चलता है कि टीवीएस आईक्यूब ने प्रतिस्पर्धी ब्रांड्स को पीछे छोड़ दिया है। उदाहरण के लिए, जहां अन्य इलेक्ट्रिक स्कूटर्स की मासिक बिक्री 15-20 हजार यूनिट्स के आसपास घूम रही है, वहीं आईक्यूब ने तीन महीनों में औसतन 33 हजार से अधिक यूनिट्स प्रति माह बेचीं। यह सफलता सरकारी सब्सिडी स्कीम्स जैसे FAME-III का लाभ उठाने से भी जुड़ी है, जो इलेक्ट्रिक वाहनों पर अतिरिक्त छूट प्रदान करती है। ग्राहकों की फीडबैक से स्पष्ट है कि इस स्कूटर की लो मेंटेनेंस कॉस्ट और जीरो एमिशन फीचर पर्यावरण जागरूक यूजर्स को आकर्षित कर रहे हैं।
टीवीएस आईक्यूब की प्रमुख विशेषताएं
बैटरी और रेंज : 3.4 kWh लिथियम-आयन बैटरी के साथ 100+ किमी की रेंज, जो हाई-स्पीड मोड में भी 75 किमी तक जाती है।
परफॉर्मेंस : 4.4 kW मोटर पावर, जो 0-40 किमी/घंटा की स्पीड मात्र 4.2 सेकंड में पकड़ती है।
सेफ्टी फीचर्स : डुअल डिस्क ब्रेक्स, रिजेनरेटिव ब्रेकिंग और LED लाइटिंग सिस्टम।
कनेक्टिविटी : TVS SmartXonnect ऐप के माध्यम से रियल-टाइम लोकेशन ट्रैकिंग, बैटरी स्टेटस और सर्विस रिमाइंडर्स।
वैरिएंट्स : स्टैंडर्ड, S और ST वैरिएंट्स उपलब्ध, जिनमें ST में बड़ा टचस्क्रीन डिस्प्ले शामिल है।
| वैरिएंट | कीमत (एक्स-शोरूम) | रेंज | टॉप स्पीड |
|---|---|---|---|
| iQube Standard | ₹1.20 लाख | 100 किमी | 78 किमी/घंटा |
| iQube S | ₹1.35 लाख | 100 किमी | 78 किमी/घंटा |
| iQube ST | ₹1.50 लाख | 145 किमी | 82 किमी/घंटा |
यह तालिका दर्शाती है कि विभिन्न वैरिएंट्स ग्राहकों की जरूरतों के अनुसार विकल्प प्रदान करते हैं, जिससे बिक्री में वृद्धि हुई है।
बिक्री के आंकड़ों पर गौर करें तो, टीवीएस ने पूरे वर्ष में इलेक्ट्रिक सेगमेंट में 23 प्रतिशत से अधिक मार्केट शेयर हासिल किया है। तीन महीनों की रिकॉर्ड बिक्री मुख्य रूप से त्योहारी सीजन और प्रमोशनल ऑफर्स से प्रेरित थी, जहां कंपनी ने अतिरिक्त वॉरंटी और फ्री एक्सेसरीज प्रदान कीं। उत्तर भारत में दिल्ली और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में सबसे अधिक बिक्री दर्ज हुई, जहां प्रदूषण नियंत्रण के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों को प्रोत्साहन मिल रहा है। दक्षिण भारत में तमिलनाडु और कर्नाटक में भी मजबूत डिमांड देखी गई, जहां टीवीएस का होम मार्केट है।
प्रतिस्पर्धा के संदर्भ में, टीवीएस आईक्यूब ने Ola S1 और Bajaj Chetak जैसे मॉडल्स को चुनौती दी है। जहां Ola की बिक्री में गिरावट आई है, वहीं टीवीएस की स्थिरता और सर्विस नेटवर्क ने इसे आगे रखा है। कंपनी का 1,000 से अधिक डीलरशिप्स का नेटवर्क सुनिश्चित करता है कि स्पेयर पार्ट्स और सर्विस आसानी से उपलब्ध हों। इसके अलावा, टीवीएस की रिसर्च एंड डेवलपमेंट टीम ने बैटरी लाइफ को 1.5 लाख किमी तक बढ़ाया है, जो लंबे समय तक चलने वाले निवेश के रूप में ग्राहकों को आकर्षित करता है।
आगे की योजनाओं में टीवीएस नए मॉडल्स लॉन्च करने की तैयारी में है, जैसे हाई-परफॉर्मेंस वैरिएंट्स जो 150 किमी रेंज प्रदान करेंगे। कंपनी का लक्ष्य अगले वर्ष तक 10 लाख यूनिट्स की कुल बिक्री पार करना है, जो इलेक्ट्रिक मोबिलिटी में भारत की बढ़ती हिस्सेदारी को मजबूत करेगा। ग्राहकों के लिए सलाह है कि खरीदारी से पहले बैटरी वॉरंटी और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की जांच करें, ताकि अनुभव और बेहतर हो।
बाजार प्रभाव और ट्रेंड्स
इलेक्ट्रिक स्कूटर्स की कुल बिक्री में 11 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि दर्ज हुई, जिसमें टीवीएस का योगदान प्रमुख है।
पर्यावरण लाभ: प्रत्येक आईक्यूब स्कूटर सालाना 1.5 टन CO2 उत्सर्जन बचाता है।
आर्थिक फायदे: पेट्रोल स्कूटर्स की तुलना में चलाने की लागत मात्र 20-30 पैसे प्रति किमी।
चुनौतियां: बैटरी रिसाइक्लिंग और चार्जिंग स्टेशंस की कमी, जिन पर टीवीएस काम कर रहा है।
| ब्रांड | 2025 कुल बिक्री (यूनिट्स) | मार्केट शेयर (%) |
|---|---|---|
| TVS iQube | 2.99 लाख | 23 |
| Bajaj Chetak | 2.50 लाख | 20 |
| Ola S1 | 1.99 लाख | 16 |
| Ather 450 | 1.80 लाख | 14 |
यह तुलना दर्शाती है कि टीवीएस ने कैसे लीड हासिल की है। कुल मिलाकर, आईक्यूब की सफलता भारतीय ऑटो सेक्टर में इलेक्ट्रिक ट्रांजिशन को तेज कर रही है, जहां ग्राहक अब सस्टेनेबल विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं।
Disclaimer: This news report is based on available tips and sources.